Wednesday, November 19, 2008
समाचारों का सेंसेक्स
हमारे समाचार चैनलों का सेंसेक्स भी नीचे गिरता जा रहा है, हर चैनल अपने आप को सर्वश्रेष्ठ कहते हैं. मुझे ये समझ में नहीं आता की एक साथ कोई दो चैनल कैसे सर्वश्रेष्ठ हो सकते हैं ? कई बार किसी समाचार को एक से अधिक चैनल वाले ये कहते हुए पाए जाते हैं की उस समाचार को सर्वप्रथम उन्हीं का चैनल दिखा रहा है. इसकी जरूरत आख़िर क्यों पडती है ? टी. आर.पी. के लिए ही न ? टी. आर. पी. याने पैसा . मतलब साफ़ है. कभी - कभी तो टी. आर. पी. के लिए ये लोग ( तथाकथित राष्ट्रीय चैनल ) इतना घटिया कार्यक्रम प्रस्तुत कर देते हैं कि ये समझने में दिक्कत होती है कि हम कोई राष्ट्रीय न्यूज़ चैनल देख रहे हैं.

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